
आगामी 4 सितंबर को किसानों द्वारा मुख्य बाजार गांधी चौक पर आयोजित आंदोलन को लेकर जोरदार तैयारियाँ की जा रही हैं। यह आंदोलन मुख्य रूप से कृषि फसल बीमा राशि की वादा खिलाफी को लेकर है, जिसमें हजारों किसान सुबह 11:00 बजे जुटेंगे। आंदोलन का नेतृत्व पूर्व नपा अध्यक्ष शैलेश कुमार वैद्य और जावर नगर के पटेल धीरेंद्र सिंह ठाकुर करेंगे।
पूर्व नपा अध्यक्ष शैलेश कुमार वैद्य और पटेल धीरेंद्र सिंह ठाकुर ने पिछले कुछ दिनों में एक दर्जन से अधिक गांवों का दौरा किया और किसानों से आंदोलन में भाग लेने का आह्वान किया। इस दौरे में किसानों को बताया गया कि वर्ष 2023-24 की बीमा राशि जो बीमा कंपनियों को जमा की गई थी, वह राशि अब तक किसानों को नहीं मिल पाई है, जबकि रबी और खरीफ की फसलें खराब हो चुकी हैं।
किसानों का कहना है कि वे बीमा का पैसा ईमानदारी से जमा करते हैं, लेकिन अब बीमा कंपनियां और अन्य जिम्मेदार संगठन अपनी जिम्मेदारियों से मुंह मोड़ रहे हैं, जिससे किसानों में निराशा और गुस्सा है।

शैलेश वैद्य ने बताया, “यह आंदोलन किसी राजनीतिक दल, पार्टी या संगठन द्वारा नहीं किया जा रहा है। यह आंदोलन केवल किसानों के अधिकारों के लिए है, और हम सभी किसान मिलकर इसे सफल बनाने के लिए एकजुट हो रहे हैं।”
गांवों में दौरे के दौरान, आंदोलन के समर्थन में कई प्रमुख और जिम्मेदार लोग भी शामिल हुए, जिन्होंने 4 सितंबर को होने वाले आंदोलन में भारी संख्या में भाग लेने का आश्वासन दिया।
इस आंदोलन को सफल बनाने के लिए कई युवा और किसान नेतृत्व कर रहे हैं, जिनमें जसपाल सिंह ठाकुर, देवेंद्र सिंह ठाकुर, धर्मेंद्र सिंह ठाकुर, सुरेंद्र सिंह भाटी, ठाकुर सिंह ठाकुर, विजेंद्र सिंह ठाकुर, राजेंद्र सिंह ठाकुर समेत सैकड़ों युवा और किसान शामिल हैं।
किसान इस आंदोलन के माध्यम से अपनी समस्याओं को उजागर करना चाहते हैं और उम्मीद करते हैं कि सरकार तथा बीमा कंपनियाँ किसानों की समस्याओं का समाधान शीघ्र करेंगी।
